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:: सींग
अर पूंझड़
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कित बांधते खिंडके-साफे, कित बांधते धोती
जै म्हारे सिर पै सींग, अर कड़ पै पूंझड़ होती
जै न्यू हो जाता तो चॉला हो जाता
बस अर रेलाँ मैं यूँ लिखा पाता
अपणा सामान खूद देखैं-भालैं
कृपया सींग अर पूंझड बाहर न निकालैं
बस अपणे स्थान से टैम पै चलैगी
लाण्डी सवारी को सीट न मिलैगी
जब रिश्ते ख़ातर छोरे नै देखाना आते
बेशक भरे रहते उनके बैंका के म्हाँ खाते
रिश्ता क्यूकर कराँ, या दुविधा मोटी सै
छोरा तो सुथरा सै, पर माड़ी पूंझड छोटी सै
जब किते कोय चलती होती प्यार-प्रेम की कहाणी
किसे कैण्टीन पै बैठ कै प्रेमी पीते सोडा-पाणी
छोरे अर छोरी कै, जब इश्क का नशा चढ्या
बागाँ के मैं गाणा गाते, सींग-कै-सींग भिड़या
नया-नया बटेऊ जब ससुराड़ मै जावै सै
पीढ़े ऊपर बैठ कै जब हलवा-पूरी खावै सै
साली-सपटी कट्ठी होकै, इसे मजाक करती
जीजा नै सतावण ख़ातर, पूंझड़ पै चूंटी भरती
सींग-पूंझड के चौगरदे घूमती या दुनिया सारी होती
टी वी, अखबाराँ मैं ख़बर भी कुछ न्यू न्यारी होती
हड़ताली कर्मचारी अपणी मांगा नै लेके डी सी ऑफिस आये
पुलिस ऑला नै वे पूंझड़ पकड़-पकड़ बाहर भगाये ==> |
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अमेरिकी
राष्ट्रपति ने पाकिस्तान का दौरा किया
मुशर्रफ ने उनका पूंछ हिला के स्वागत किया
लोकसभा मै भी सींग अर पूंझड का होता रोला
अपोजिशन कै सींग मारता, रूलिंग पार्टी का टोला
पॉलिटिक्स मैं महारत का, यू-ए पैरामीटर होता
जिसके सींग घणे टूट रे, वो-ए सीनियर लीडर होता
आज जै माणसा कै पूंझड होती
मुशर्रफ की माँ भी खूब रोती
मुशर्रफ रोता आता, कहता अम्मी उन नै चॉला कर दिया
मन्नै बचा ले मेरी माँ लादेन नै पूंझड पै बुड़का भर लिया
आच्छा-ए होया, जै यू काम ना होया
पूंझड अर सींगा का तामझाम ना होया
ना तो बीमार भूखी जनता के सींगाँ मैं कीड़े पड़े होते
बेघर, गरीब सड़क-किनारे पूंझड़ तुड़ाये पड़े होते
भूखी ज़र्ज़र काया क्यूकर, पूंझड-सींगा का बोझ ढोती
कितै मरता भूखा बचपन, किते भरपूर ज़वानी रोती
बस इतनी-ए विनती सै प्रभु, नाव किनारै ला दे
इन्सानियत के सींग उगा दे, प्यार की पूंझड ला दे
ऐसा कर दे प्रभु तो मैं फूलां नहीं समाऊँगा
चौगरदै भॉजा फिरूंगा अर प्यार के गीत गाऊँगा
सींग तैं सींग भिड़ाते चलो
प्रेम की पूंझड हिलाते चलो |
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